Tagged: संघ शताब्दी

The Sangh emphasizes the promotion of self-respect, unity, and national consciousness in society – Sunil Ambekar ji 0

संघ समाज में स्वाभिमान, एकता व राष्ट्रीय चेतना के प्रसार पर बल देता है – सुनील आंबेकर जी

जयपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने कहा कि संघ की स्थापना डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने समाज को राष्ट्र निर्माण...

Respecting diversity is a characteristic of Hindu religion and culture – Dr. Krishna Gopal Ji 0

विविधता का सम्मान करना हिन्दू धर्म और संस्कृति की विशेषता – डॉ. कृष्ण गोपाल जी

असहिष्णुता से दुनिया में फैली अराजकता, इसका समाधान सिर्फ हिन्दू दर्शन में – डॉ. कृष्ण गोपाल जी बरेली। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह डॉ. कृष्ण...

मातृशक्ति के जागरण से ही समाज सशक्त, समरस और राष्ट्र के प्रति जागरूक बनता है – दत्तात्रेय होसबाले जी 0

मातृशक्ति के जागरण से ही समाज सशक्त, समरस और राष्ट्र के प्रति जागरूक बनता है – दत्तात्रेय होसबाले जी

जोधपुर, 13 दिसंबर 2025। संघ कार्य के सौ वर्ष पूर्ण होने पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा मातृशक्ति गोष्ठी का आयोजन जोधपुर काजरी के सभागार में किया...

“हिन्दुत्व, भारत की आत्मा है” – दत्तात्रेय होसबाले जी 0

“हिन्दुत्व, भारत की आत्मा है” – दत्तात्रेय होसबाले जी

इंदौर, 30 नवम्बर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले जी ने कहा कि पुराणों और दुनिया के विभिन्न विद्वानों ने हिन्दू और हिन्दुस्तान को अलग-अलग...

सम्पूर्ण हिन्दू समाज का संगठित स्वरूप ही भारत की एकता, एकात्मता, विकास व सुरक्षा की गारंटी है – डॉ. मोहन भागवत जी 0

सम्पूर्ण हिन्दू समाज का संगठित स्वरूप ही भारत की एकता, एकात्मता, विकास व सुरक्षा की गारंटी है – डॉ. मोहन भागवत जी

नागपुर, 2 अक्तूबर 2025। रेशीमबाग मैदान में आयोजित शताब्दी वर्ष विजयादशमी उत्सव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि सम्पूर्ण...

संघ गीतों के शब्दों में निहित देशभक्ति की भावना अधिक महत्वपूर्ण – डॉ. मोहन भागवत जी 0

संघ गीतों के शब्दों में निहित देशभक्ति की भावना अधिक महत्वपूर्ण – डॉ. मोहन भागवत जी

नागपुर, 28 सितंबर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि सुर, लय और ताल में समझौता हो सकता है, लेकिन संघगीत...