Tagged: आध्यात्मिक चिंतन

‘कबीर यहु घर प्रेम का, खाला का घर नांहि’ – संत संत कबीरदास 0

‘कबीर यहु घर प्रेम का, खाला का घर नांहि’ – संत संत कबीरदास 

संक्षिप्त परिचय  इससे सिद्ध होता है कि संत कबीरदास  वस्तुतः रामानंद के शिष्य थे और उन्हीं से उन्हें रामनाम का मंत्र मिला था। संत कबीरदास  और...

'स्वभाव में जीना अध्यात्म और प्रभाव में जीना भौतिकता है' 0

‘स्वभाव में जीना अध्यात्म और प्रभाव में जीना भौतिकता है’

नवदुनिया प्रतिनिधि, भोपालः पत्रकारिता का पेशा कोई आसान काम नहीं है। घर में, संबंधियों में और रिश्तों में आपेक्षाएं पूरी करते हुए कई बार लोग शिकायतों...