‘द केरल स्टोरी-2’: समाज की छिपी परतों को उजागर करती फिल्म
‘जो ताकत मुहब्बत में है, वो बारूद में नहीं। काफिर लड़की सिर्फ एक लड़की नहीं होती है, वह एक पोटेंशियल फैमिली ट्री होती है, उसे वहाँ से तोड़कर, अपने साथ जोड़ लो तो आने वाली पूरी नस्ल बदल जाती है।’ केरल स्टोरी-2 का यह संवाद उन कथित लोगों की मानसिकता को दर्शाने की कोशिश करता…