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युवाओं के प्रेरणास्रोत स्वामी विवेकानन्द की शिकागो यात्रा

युवाओं के प्रेरणास्रोत स्वामी विवेकानन्द की शिकागो यात्रा

शिकागो धर्म महा सम्मलेन भाषण “मुझे ऐसे देश का व्यक्ति होने का अभिमान हैं, जिसने इस पृथ्वी के समस्त धर्मों और देशों के उत्पीडि़तों और शरणार्थियों को आश्रय दिया हैं। मुझे आपको यह बतलाते हुये गर्व होता हैं कि हमने अपने वक्ष में यहूदियों के विशुद्धतम अवशिष्ट को स्थान दिया था, जिन्होंने दक्षिण भारत आकर…

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भूपेन हजारिका : संघर्ष से शिखर तक पहुंचने की प्रेरक कहानी

भूपेन हजारिका : संघर्ष से शिखर तक पहुंचने की प्रेरक कहानी

भूपेन हजारिका का जन्म 8 सितंबर 1926 को असम में हुआ था। हजारिका 10 भाई-बहनों में सबसे बड़े थे। अपनी मां को देखकर उन्हें गाने की प्रेरणा मिली थी। भूपेन का बचपन गुवा‌हाटी में बीता। 10 साल की उम्र में वो असमिया भाषा में गाने गाते थे। फिल्म मेकर ज्योतिप्रसाद अग्रवाल ने उनकी आवाज सुनी…

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डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन : महान दार्शनिक, शिक्षक और राष्ट्रनायक की प्रेरक जीवनगाथा

डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन : महान दार्शनिक, शिक्षक और राष्ट्रनायक की प्रेरक जीवनगाथा

घोड़े अलग-अलग रूप-रंग के होते हैं, पर गधे एक जैसे होते हैं। अलग-अलग रंग और विविधता विकास के लक्षण हैं। ये जवाब डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन ने एक अंग्रेज को दिया था। दरअसल, डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन एक बार भारतीय दर्शन पर व्याख्यान देने इंग्लैंड गए थे, तब वहां बड़ी संख्या में लोग उनका भाषण सुनने आए…

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‘हनुमान अंश’ की दहाड़

‘हनुमान अंश’ की दहाड़

इस समय सारे देश में फिल्म ‘हनुमान अंश’ की चर्चा है। कल शुक्रवार को इस मूवी ने चार सप्ताह पूरे किए और एक ऐसा इतिहास रच दिया कि सारे फिल्मी पंडित भौचक होकर देखते रह गए..! अनेकों के लिए यह सफलता महज आश्चर्य है। अनेक लोग इस फिल्म की तुलना 1975 में प्रदर्शित हुई ‘जय…

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कई समस्याओं का समाधान है गो पालन

पिछले दिनों इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक मामले में महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा कि गोमांस खाना किसी का मौलिक अधिकार नहीं है। बूढ़ी बीमार गाय भी कृषि के लिए उपयोगी है। यह कृषि की रीढ़ है। गाय का मल एवं मूत्र असाध्य रोगों में लाभकारी है। इसकी हत्या की इजाजत देना ठीक नहीं। हाई…

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पाण्डवों को कलियुग पर प्रबोधन

पाण्डवों को कलियुग पर प्रबोधन

श्रीकृष्ण कहते हैं- ’तुम पाँचों भाई वन में जाओ और जो कुछ भी दिखे वह आकर मुझे बताओ। मैं तुम्हें उसका प्रभाव बताऊँगा।’ पाँचों भाई वन में गये। युधिष्ठिर महाराज ने देखा कि किसी हाथी की दो सूँड है। यह देखकर आश्चर्य का पार न रहा। अर्जुन दूसरी दिशा में गये। वहाँ उन्होंने देखा कि…

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विचारों की यात्रा है राष्ट्रधर्म: स्वांतरंजन

लखनऊ। राष्ट्रवादी विचारों की यात्रा है राष्ट्रधर्म। इसमें निरन्तरता बनी रहनी चाहिये और इसे समाज के सभी वर्गों तक बार-बार पहुँचना चाहिये। यह बात राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचारक प्रमुख स्वांत रंजन ने कही। वे राष्ट्रधर्म मासिक पत्रिका के स्थापना दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में बोल रहे थे।…

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‘Rise of Bharat means more united, more emancipated humanity’

Dr. Mohan Bhagwat, Sarsanghchalak, Rashtriya Swayamsevak Sangh (RSS) at ‘Hindu Vishwa Bandhu: Embrace the World in Friendship’ All nations thrive, prosper and contribute to human progress is the dream of Hindus Toronto, Canada. RSS Sarsanghchalak Dr. Mohan Bhagwat Ji addressed a gathering at ‘Hindu Vishwa Bandhu – Embrace the World in Friendship’ event in Toronto,…

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डॉक्टर भागवत ने अमेरिका में अपने संबोधन से विरोधियों को नि:शब्द किया

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंचालक डॉक्टर मोहन भागवत का न्यूयॉर्क के मैनहटन स्थित मेडिसन स्क्वायर गार्डन कार्यक्रम की सफलता से अमेरिका से लेकर भारत तक के विरोधियों को बिना कोई प्रतिक्रिया दिए सटीक उत्तर मिल गया है। भारत में नेताओं ने कार्यक्रम के पूर्व अपने बयानों से इसके विरोध में माहौल बनाने की कोशिश की।…

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