1965 के युद्ध में जब शास्त्रीजी ने मांगी थी गुरु गोलवलकर जी से सहायता
एक दोपहर गुरु गोलवलकर जी भोजन के बाद आराम कर रहे थे. तभी एक संदेशवाहक आया और उनसे कहा कि वे जल्द से जल्द प्रधानमंत्री कार्यालय संपर्क करे. मामले की गंभीरता समझ गोलवलकर ने पीएमओ फोन लगाया. यहां उनकी बात प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी से हुई. पाकिस्तान के साथ युद्ध में उलझे पीएम शास्त्री…