ध्वस्त होता संघ के विरुद्ध झूठा नैरेटिव
देश में एक सुनियोजित नैरेटिव के जरिये राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ तो निशाने पर रहा, लेकिन कम्युनिस्टों की कारगुजारियों को व्यापक रूप से अनदेखा किया गया। यह भी एक संयोग है कि, संघ की स्थापना और कम्युनिस्ट पार्टी का गठन 1925 में ही हुआ था। जहां संघ विश्व का सबसे बड़ा स्वयंसेवी संगठन बनकर निरंतर मजबूत…